17 महीने नंगे पैर की 12 ज्योतिर्लिंगों की यात्रा‌।

न्यूज 13 प्रतिनिधि अल्मोड़ा

अल्मोड़ा/  2 जुलाई : राम लला के दर्शन को निकले अल्मोड़ा के साइकिलिस्ट की अयोध्या धाम पहुंचने के बाद दिशा ही बदल गई। साइकिल यात्रा के आनंद और श्री राम कृपा से उन्होंने 17 महीने में नंगे पैर और विपरीत परिस्थितियों में 15000 किलोमीटर साइकिल यात्रा कर डाली। साइकिल से देश के द्वादश ज्योतिर्लिंगों, यात्रा मार्ग के शक्तिपीठों, देवालयों के दर्शन का पुण्य भी अर्जित किया। अल्मोड़ा लौटने पर उन्होंने पत्रकारों को यात्रा वृतांत सुनाया।
नगर के कारखाना बाजार निवासी भुवन लाल शाह और मीनू शाह के पुत्र राहुल राजीव शाह अच्छे साइकिल लिस्ट हैं।

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सिविल इंजीनियर 35 वर्षीय राहुल ने करीब 3 साल अलग-अलग शहरों में नौकरी की, लेकिन साइकिलिंग के शौक के चलते मन नहीं लगने पर नौकरी छोड़ दी। उन्होंने वर्ष 2022 में अल्मोड़ा से गोवा तक एक तरफ 2400 किलोमीटर की साइकिल यात्रा की। जून 2023 में अल्मोड़ा से केदारनाथ तक साइकिलिंग की। दिसंबर 2023 में उन्होंने अल्मोड़ा से अमरनाथ तक करीब 3600 किलोमीटर का सफर साइकिल से ही तय किया। 10 जनवरी 2024 को राहुल राम लला के दर्शन को अल्मोड़ा से अयोध्या के सफर में साइकिल से निकले। राहुल ने बताया योजना तो अयोध्या में दर्शन कर अल्मोड़ा वापसी की थी, लेकिन भगवान की प्रेरणा से केदारनाथ ज्योतिर्लिंग के बाद शेष एकादश ज्योतिर्लिंगों की साइकिल यात्रा का संकल्प ले लिया।

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अयोध्या के बाद वह काशी विश्वनाथ, महाकालेश्वर, ममलेश्वर, ओंकारेश्वर, त्रयंबकेश्वर, घुश्मेश्वर, भीमाशंकर, मल्लिकार्जुन, तिरुपति बालाजी, श्रीशैलम, रामेश्वरम, सोमनाथ, द्वारिकापुरी, शिरडी आदि तीर्थस्थलों की यात्रा पर निकल पड़े। उन्होंने बताया ज्योतिर्लिंगों के अलावा यात्रा पथ और उसके निकटवर्ती देवालयों, शक्तिपीठों, मठ और मंदिरों के भी दर्शन किए।

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राहुल राजीव शाह ने कहा यात्राओं से दूरी तय करने के साथ ही विभिन्न समाजों, संस्कृतियों, खान-पान, रीति रिवाज, सामाजिक विषमता और प्रकृति से सीखने का अवसर भी मिलता है। उनका कहना है यात्रा से स्वयं की क्षमता का आकलन तो होता है साथ ही पथिक में विपरीत परिस्थितियों में भी आगे बढ़ने का हौसला और आत्मविश्वास पर बढ़ता है।

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