रुद्रप्रयाग/ सोनप्रयाग से केदारनाथ तक के 13 किलोमीटर लंबे रोपवे प्रोजेक्ट का टेंडर अदाणी एंटरप्राइजेज लिमिटेड को आवंटित किया गया है। इस प्रोजेक्ट पर 4,081 करोड़ रुपये का निवेश होगा और इसका निर्माण छह साल में पूरा होगा।
रोपवे के माध्यम से यात्रियों को 36 मिनट में यह दूरी तय करने में सक्षम बनाया जाएगा जो वर्तमान में 16 किलोमीटर की पैदल चढ़ाई या अन्य साधनों से पूरी की जाती है।
परियोजना का शिलान्यास और विवरण
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने 21 अक्टूबर 2022 को केदारनाथ पहुंचकर इस रोपवे का शिलान्यास किया था। नेशनल हाइवे लॉजिस्टिक्स मैनेजमेंट लिमिटेड (एनएचएलएमएल) ने लेटर ऑफ अवॉर्ड (एलओए) जारी कर अदाणी समूह को परियोजना सौंपी है।
यह रोपवे प्रति घंटे 1,800 यात्रियों को एक दिशा में ले जाने में सक्षम होगा जिससे तीर्थयात्रियों की यात्रा सरल और सुगम होगी।
निर्माण और संचालन
रोपवे का निर्माण राष्ट्रीय रोपवे विकास कार्यक्रम-पर्वतमाला परियोजना के तहत होगा। अदाणी समूह इसके निर्माण के लिए अपनी सड़क, मेट्रो, रेल और जल प्रभाग की विशेषज्ञता का उपयोग करेगा। कंपनी अगले 29 साल तक इस परियोजना का संचालन भी करेगी।
अदाणी समूह के डिप्टी जनरल मैनेजर दुर्गा दत्त पांडेय ने बताया कि यह परियोजना तीर्थयात्रियों के लिए एक क्रांतिकारी कदम साबित होगी जो सोनप्रयाग से केदारनाथ तक की कठिन यात्रा को आसान बनाएगी।