पिथौरागढ़/ भाजपा में अंदरूनी खींचतान लगातार धरातल पर आती जा रही है पहले विधायक मुन्ना सिंह चौहान और पूर्व मंत्री अरविंद पांडे की नाराजगी सुर्खियों में रही। दोनों नेताओं ने अवैध खनन के सरकार के दावों की पोल खेलकर रख दी और अब डीडीहाट से विधायक व वरिष्ठ नेता बिशन सिंह चुफाल ने भी खुलकर सरकार और दर्जाधारी पर सवाल खड़े कर दिए हैं। चुफाल ने अपनी ही सरकार के दर्जाधारी हेमराज बिष्ट पर सीधे आरोप लगाते हुए उन्हें अयोग्य तक कह डाला। उन्होंने कहा कि सरकार ने ऐसे लोगों को दायित्व दे दिया है जो जनता के कामों में बाधा डाल रहे हैं। चुफाल का आरोप है।
कि उनके विधानसभा क्षेत्र में दायित्वधारी दखल दे रहे हैं और गरीबों से जुड़ी फाइलें तक रोक रहे हैं। उन्होंने उदाहरण देते हुए कहा कि मैंने कुछ गरीब मरीजों के इलाज की फाइल मुख्यमंत्री कार्यालय में लगाई थी परन्तु जब मुख्यमंत्री से मिलने गया तो पता चला कि फाइल राज्य मंत्री हेमराज बिष्ट ले गए। यह सीधे-सीधे मेरे कामों में बाधा डालना है। सरकार को ऐसे लोगों को तुरंत हटाना चाहिए।
इस आरोप के बाद मंत्री हेमराज बिष्ट भी चुप नहीं रहे। उन्होंने हरिद्वार गंगा किनारे से एक वीडियो जारी करते हुए अपना पक्ष रखा। बिष्ट ने कहा कि विधायक मेरे लिए सम्माननीय हैं लेकिन उन्होंने जो आरोप लगाए हैं वे पूरी तरह निराधार हैं। मैं खुद गरीब परिवार से आने वाला 28 वर्षों से पार्टी के लिए काम कर रहा कार्यकर्ता अयोग्य हूं तो फिर विधायक जी की बेटी जिसे हाल ही में जिला उपाध्यक्ष बनाया गया है, उसकी योग्यता क्या है।
चुफाल और बिष्ट के बीच यह जुबानी जंग भाजपा संगठन के अंदर हलचल पैदा कर चुकी है। पिछले कुछ दिनों से भाजपा के अंदर जबरदस्त असंतोष देखने को मिल रहा है। पूर्व मंत्री हरक सिंह रावत के बयानों के बाद वैसे ही भाजपा बैकफुट पर नजर आ रही है। ना चाहते हुए भी हरक सिंह रावत के लगाए आरोपों के जवाब देने पड़ रहे हैं। इस बीच अपने नेताओं के उठाए सवाल भी भारतीय जनता पार्टी असहज कर रहे हैं।