उधमसिंहनगर/ कृषि उत्पादन मंडी समिति में भ्रष्टाचार का एक बड़ा मामला सामने आया है। काशीपुर मंडी समिति के प्रभारी सचिव पूरन सिंह सैनी को विजिलेंस टीम ने मंगलवार शाम 1.20 लाख रुपये की रिश्वत लेते हुए रंगेहाथ गिरफ्तार कर लिया।
उक्त कार्रवाई मंडी परिसर में उस समय हुई जब सैनी फल-सब्जी मंडी के दो दुकानदारों से दुकानों के लाइसेंस रिन्यूवल के नाम पर कथित तौर पर अवैध वसूली कर रहे था।
250 रुपये की फीस वसूले जा रहे थे 60 हजार
प्राप्त जानकारी के मुताबिक ग्राम सरवरखेड़ा निवासी दुकानदार शफायत चौधरी और शकील चौधरी ने बताया कि वे पिछले 9-10 वर्षों से मंडी में दुकान चला रहे हैं। लाइसेंस रिन्यू कराने के लिए उन्होंने लगभग 8-10 दिन पहले आवेदन दिया था।
विभागीय प्रक्रिया के मुताबिक लाइसेंस रिन्यू का शुल्क महज 250 रुपये है परन्तु प्रभारी सचिव पूरन सिंह सैनी ने हर दुकानदार से 60-60 हजार रुपये की मांग की।
शिकायत के बाद की विजिलेंस न कार्रवाई
जब सैनी की ओर से रिश्वत देने का दबाव लगातार बनाया जा रहा था तो दोनों दुकानदारों ने थक-हार कर 1064 भ्रष्टाचार विरोधी हेल्पलाइन पर शिकायत दर्ज कराई। इसके बाद हल्द्वानी से विजिलेंस की टीम ने मंगलवार को मंडी समिति कार्यालय पर छापा मारा और शाम को लगभग साढ़े चार बजे पूरन सिंह सैनी को 1.20 लाख रुपये की रिश्वत लेते हुए रंगेहाथ गिरफ्तार कर लिया।
सुनियोजित रिश्वतखोरी का आरोप
दुकानदारों का कहना है कि लाइसेंस रिन्यूवल के नाम पर मंडी में बड़े पैमाने पर रिश्वतखोरी हो रही है।