देहरादून/ उत्तराखंड में मौसम अगले 27 अक्टूबर तक शुष्क रहने की संभावना मौसम विभाग में जताई है किन्तु इससे पहले 23 अक्टूबर को उत्तराखंड के पांच जिलों में हुई बारिश और हिमपात से जहां कड़ाके की ठंड ने दस्तक दे दी है वहीं मैदानी क्षेत्र में कुहासा भी फैलने लगा है। गुरुवार को हुई बरसात से जहां उत्तरकाशी, चमोली, बागेश्वर, पिथौरागढ़, रुद्रप्रयाग के साथ ही जिले में बारिश और हिमपात ने ठंड में बढ़ोतरी की है।
जिससे लोगों ने गर्म कपड़े निकाल लिए हैं मौसम विज्ञान केंद्र के मुताबिक बर्फबारी वाले क्षेत्रों में यात्रा करने वाले लोगों को सतर्क रहना चाहिए। मैदानी क्षेत्रों में आने वाले दिनों में तापमान में मामूली गिरावट दर्ज की सजा सकती है। हालांकि शुक्रवार से मौसम शुष्क रहेगा और अधिकांश क्षेत्रों में आसमान साफ रहने से दिन का अधिकतम तापमान बढ़ सकता है। उत्तराखंड के पर्वतीय इलाकों में गुरुवार को मौसम बदला और यमुनोत्री धाम सहित खरसाली गांव, जानकी चट्टी, नारायण पुरी और फूल चट्टी में बारिश के साथ ओलावृष्टि शुरू हो गई।
मां यमुना की डोली जब अपने मायके पहुंची तो प्रकृति ने भी उनका स्वागत किया जिसके बाद बारिश हो गई। बारिश और ओलावृष्टि से डोली के साथ गए श्रद्धालु जब लौटने लगे तो उन्हें जगह-जगह रुकना पड़ा। लगभग 1 घंटे तक हुई बारिश और ओलावृष्टि के चलते ठंड बढ़ गई है। वहीं बद्रीनाथ धाम में भी हल्की बारिश हुई है और ऊंची चोटियों पर बर्फबारी शुरू हो गई।
वहीं कुमाऊं क्षेत्र में मौसम का मिजाज ठंडक के साथ बदल रहा है। कुमाऊं के पर्वतीय जिलों में हिमपात और बारिश के साथ दिन में गुनगुनी धूप निकल रही है जबकि सुबह और शाम के वक्त ठंड हो रही है। बागेश्वर के पिंडारी ग्लेशियर क्षेत्र और मुनस्यारी में ताजा बर्फबारी होने से तापमान में गिरावट आई है।