देहरादून/ लंबे इंतजार के बाद शुक्रवार को उत्तराखंड में मौसम ने करवट बदली सुबह से ठंडी हवाएं चलीं तो वहीं कहीं-कहीं बारिश और बर्फबारी भी हुई। केदारनाथ, बदरीनाथ के साथ ही हेमकुंड की ऊंची चोटियों में बर्फबारी हुई। जिससे ठंड लौट आई। नैनीताल सहित कुमाऊं के अधिकांश हिस्सों में घने बादल छाने के साथ ही कई स्थानों में बूंदाबांदी भी हुई है। इसके साथ ही कड़ाके की ठंड पड़ रही है। नैनीताल में घने बादलों ने डेरा डाला हुआ है।
साथ ही हवा भी चल रही है। शुक्रवार को मौसम विभाग द्वारा बारिश और बर्फबारी का अलर्ट भी जारी किया गया है। वही मसूरी में इन सर्दियों की पहली बर्फबारी हुई। जिससे पर्यटकों और स्थानीय व्यापारियों के चेहरे खिल गए। माल रोड तक बर्फ की फुहारें पड़ीं। परन्तु तेज हवाओं के कारण जम नहीं पाई। मानसून की विदाई के चार महीने बाद मसूरी में बूंदाबांदी और हिमपात हुआ।
धनोल्टी और सुरकंडा में भी हिमपात हुआ। हल्द्वानी में सुबह तेज हवाएं चली और हल्के बादल छाए रहे। बागेश्वर में कोहरा छाया रहा। पिथौरागढ़ में हल्के बादल छाए रहे। नैनीताल में भी हल्के बादल छाए। बीती रात मौसम विभाग के पूर्वानुमान के बाद अभी बारिश नहीं हुई। रानीखेत, द्वाराहाट, सल्ट सहित पर्वतीय क्षेत्रों में बादल छाने से ठंड बढ़ी है। ऋषिकेश में बारिश हुई।
जिससे कंपकंपाती सर्दी पड़ रही है। कोटद्वार में बादल छाए। यहां बारिश की संभावना बनी हुई है। जिला मुख्यालय नई टिहरी में मौसम खराब बना हुआ है गुरुवार रात में हल्की बूंदाबांदी भी हुई। हरिद्वार सहित आसपास के क्षेत्र में बूंदाबांदी हुई है। मौसम विभाग ने उत्तराखंड की ऊंची चोटियों में हिमपात व निचले क्षेत्रों में बारिश की संभावना जताते हुए लोगों को शीतलहर से बचाव करने की सलाह दी है।