नई दिल्ली/ आज यानी 1 अगस्त से देशभर में कई
महत्वपूर्ण वित्तीय और प्रशासनिक नियमों में बड़े फेरबदल हो चुके हैं। इन नए बदलावों का सीधा प्रभाव आम आदमी की जेब, रसोई के बजट, बैंकिंग सेवाओं और दैनिक जीवन पर पड़ेगा। ऑयल मार्केटिंग कंपनियों ने जहां एक ओर कमर्शियल एलपीजी सिलेंडर के दामों में बड़ी कटौती करके राहत दी है वहीं दूसरी ओर भारतीय रेलवे ने तत्काल टिकट व्यवस्था को पारदर्शी बनाने के लिए नया टोकन सिस्टम लागू कर दिया है। इसके अलावा आयकर रिटर्न CKYC 2.0, स्पीड पोस्ट और दिल्ली में मुफ्त बस यात्रा से जुड़े नए नियम आज से प्रभावी हो चुके हैं।
आइए जानते हैं आज 1 अगस्त से लागू हुए ये 10 प्रमुख बदलाव
1- कमर्शियल LPG सिलेंडर की कीमतों में बड़ी कटौती
सरकारी तेल विपणन कंपनियों (IOCL, BPCL और HPCL) ने 1 अगस्त से एलपीजी सिलेंडर के नए रेट जारी कर दिए हैं। कमर्शियल उपभोक्ताओं को राहत देते हुए 19 किलोग्राम वाले कमर्शियल सिलेंडर की कीमत में भारी कटौती की गई है।
दिल्ली में यह सिलेंडर 202 रुपये सस्ता होकर 2,738 रुपये और कोलकाता में 209 रुपये सस्ता होकर 2,872.50 रुपये का हो गया है। हालांकि 14.2 किलोग्राम वाले घरेलू एलपीजी सिलेंडर के दामों में कोई बदलाव नहीं हुआ है।
2- पेट्रोल-डीजल के नए दाम जारी
तेल कंपनियों ने आज सुबह देश के अलग-अलग शहरों के लिए पेट्रोल और डीजल की नई दरें जारी कर दी हैं। अधिकांश राज्यों में ईंधन के दामों में कोई बड़ा बदलाव नहीं हुआ है। राजधानी दिल्ली में पेट्रोल 102.12 रुपये और डीजल 95.20 रुपये प्रति लीटर पर स्थिर बना हुआ है। हालांकि, स्थानीय वैट की वजह से कुछ राज्यों के शहरों में दरों में आंशिक उतार-चढ़ाव देखा जा सकता है।
3- रेलवे काउंटरों पर लागू हुआ तत्काल टिकट टोकन सिस्टम
भारतीय रेलवे के रिजर्वेशन काउंटरों से तत्काल टिकट बुक कराने वाले यात्रियों के लिए आज से नई व्यवस्था लागू हो गई है। अब यात्रियों को काउंटर पर पहुंचते ही पहले डिजिटल या भौतिक टोकन दिया जाएगा और उसी टोकन नंबर के क्रम के अनुसार टिकट जारी किए जाएंगे।
इस कदम से रेलवे स्टेशनों पर लगने वाली लंबी कतारों और अव्यवस्था पर रोक लगेगी।
4- आईटीआर लेट दाखिल करने पर लगेगी 5,000 रुपये तक पेनल्टी
31 जुलाई की समय सीमा खत्म होने के साथ ही अब ITR-1 और ITR-2 लेट फाइल करने वाले पात्र टैक्सपेयर्स को आयकर अधिनियम की धारा 234F के तहत 5,000 रुपये तक की लेट फीस देनी पड़ सकती है। वहीं ITR-3 और ITR-4 भरने वाले ऐसे टैक्सपेयर्स जिनके खातों का ऑडिट अनिवार्य नहीं है उनके लिए लेट फीस के बिना रिटर्न दाखिल करने की अंतिम तिथि 31 अगस्त तय की गई है।
5- डिजिटल सत्यापन के लिए आधार बेस्ड CKYC 2.0 लागू
बैंकों, बीमा कंपनियों और म्यूचुअल फंड हाउसों में आज से आधार आधारित ‘CKYC 2.0’ प्रक्रिया शुरू हो गई है। इस नई प्रणाली के तहत ग्राहकों की डिजिटल सहमति मिलने के बाद उनके केवाईसी दस्तावेज सीधे केंद्रीय रजिस्ट्री से ले लिए जाएंगे। इससे ग्राहकों को बार-बार भौतिक दस्तावेज जमा करने के झंझट से मुक्ति मिलेगी।
6- स्पीड पोस्ट की नई कैटेगरी और संशोधित दरें लागू
भारतीय डाक विभाग ने आज से स्पीड पोस्ट सेवा के नियमों और श्रेणियों में बदलाव कर दिया है। आधार कार्ड, पैन कार्ड, बैंक पासबुक, चेकबुक और अन्य सरकारी कागजातों को अब ‘डॉक्यूमेंट्स’ कैटेगरी में शामिल किया गया है।
इसके अलावा अन्य सभी सामग्री पार्सल श्रेणी के तहत भेजी जाएगी और उसी के अनुरूप शुल्क लागू होगा।
7- अगस्त महीने में 14 दिन बंद रहेंगे बैंक
अगस्त के महीने में स्वतंत्रता दिवस, रक्षाबंधन, जन्माष्टमी, रविवार और दूसरे व चौथे शनिवार को मिलाकर कुल 14 दिनों तक बैंकों में अवकाश रहेगा। भारतीय रिजर्व बैंक की आधिकारिक छुट्टी सूची के मुताबिक ये छुट्टियां अलग-अलग राज्यों और क्षेत्रीय त्योहारों के आधार पर अलग-अलग हो सकती हैं।
8- चीनी डीलरों के लिए नई स्टॉक लिमिट तय
बाजार में चीनी की उपलब्धता और कीमतों को नियंत्रित रखने के लिए सरकार ने आज से चीनी डीलरों पर नई स्टॉक सीमा लागू कर दी है। इसके तहत कोई भी थोक डीलर 4,000 क्विंटल से अधिक और 30 दिनों से ज्यादा समय तक चीनी का स्टॉक नहीं रख सकेगा। यह नियम 30 नवंबर 2026 तक प्रभावी रहेगा।
9- दिल्ली में महिलाओं के लिए पिंक सहेली स्मार्ट कार्ड अनिवार्य
दिल्ली परिवहन निगम की बसों में महिलाओं के लिए मुफ्त बस यात्रा का लाभ उठाने के लिए
आज से ‘पिंक सहेली स्मार्ट कार्ड’ अनिवार्य कर दिया गया है। महिला यात्रियों को बस में सवार होने के बाद इलेक्ट्रॉनिक मशीन में कार्ड टैप करना होगा जिसके बाद ही शून्य मूल्य का टिकट जारी किया जाएगा।
10- सेबी का नया शेयर बायबैक नियम प्रभावी
पूंजी बाजार नियामक सेबी का नया बायबैक नियम आज से लागू हो गया है। नई व्यवस्था के तहत सूचीबद्ध कंपनियां अपनी कुल पेड-अप कैपिटल का अधिकतम 15 प्रतिशत हिस्सा ही बायबैक कर सकेंगी। इसके अलावा बायबैक की पूरी प्रक्रिया को 66 कार्य दिवसों के अंदर पूरा करना अनिवार्य होगा जिससे निवेशकों के हितों की रक्षा हो सके।