रूद्रप्रयाग जिले के काकड़ागाड़ स्थिति अंग्रेजी शराब की दुकान में खुलेआम हो रही है ओवरराइटिंग, लोगों की बार-बार शिकायतों के वावजूद भी मुकदर्शक बना है आबकारी विभाग।

न्यूज़ 13 प्रतिनिधि रुद्रप्रयाग

 रुद्रप्रयाग/ जिले के काकड़ागाड़ स्थित अंग्रेजी शराब की दुकान इन दिनों उपभोक्ताओं के शोषण का ठिकाना बनती जा रही है। दुकान में लगातार ओवररेट वसूले जाने की शिकायतें सामने आ रही हैं परन्तु इसके बावजूद न तो दुकान संचालक पर कोई ठोस कार्रवाई हो रही है और न ही आबकारी विभाग की नींद टूट रही है। स्थानीय उपभोक्ताओं में इस मनमानी को लेकर गहरा आक्रोश व्याप्त है।

यह भी पढ़ें 👉उत्तराखंड में ओयो होटल में रातभर बंधक बनाकर 13 वर्षीय नाबालिग के साथ 5 दरिदों ने किया गैंगरेप।

प्राप्त जानकारी के मुताबिक काकड़ागाड़ की इस शराब दुकान में तय दर से अधिक कीमत वसूलना मानो जैसे इनका कानूनी अधिकार बन गया है। जो उपभोक्ता इसका विरोध करने या शिकायत दर्ज कराने का साहस दिखाते हैं उन्हें दुकान संचालक की ओर से फोन कर शिकायत वापस लेने के लिए दबाव बनाया जा रहा है। यह रवैया न केवल उपभोक्ता अधिकारों का खुला उल्लंघन है बल्कि यह भी दर्शाता है कि दुकान संचालक को किसी प्रशासनिक कार्रवाई का भय नहीं रह गया है।

यह भी पढ़ें 👉थराली, एक महीने पहले बनी पटवारी चौकी की दीवार गिरी भर-भराकर दीवार गुणवत्ता पर खड़े हो रहे हैं सवाल।

सबसे गंभीर बात यह है कि यह कोई इक्का-दुक्का मामला नहीं बल्कि लगातार दोहराई जा रही घटना बन चुकी है। आये दिन इस दुकान से जुड़ी शिकायतें सामने आती हैं परंतु हर बार मामला ठंडे बस्ते में डाल दिया जाता है। आबकारी विभाग की चुप्पी और निष्क्रियता ने इस पूरे प्रकरण को और संदिग्ध बना दिया है। विभाग की ओर से अब तक जो भी समाधान के दावे किए गए हैं वे महज कागजी खानापूर्ति और दिखावे तक सीमित नजर आते हैं जमीनी स्तर पर कोई ठोस बदलाव देखने को नहीं मिला है।

यह भी पढ़ें 👉रानीखेत, 5 दिनों से लापता युवती को एसडीआरएफ ने सकुशल बरामद किया घनघोर जंगल से।

स्थानीय लोगों का कहना है कि यदि वक्त रहते इस दुकान के विरुद्ध सख्त कार्रवाई नहीं की गई तो उपभोक्ताओं का शोषण और बढ़ सकता है। लोगों ने जिला आबकारी अधिकारी से मांग की है कि दुकान की तत्काल जांच कराई जाए ओवररेटिंग की पुष्टि होने पर संचालक के लाइसेंस को निलंबित किया जाए तथा शिकायतकर्ताओं को दबाव में लेने वालों के विरुद्ध भी कार्रवाई सुनिश्चित की जाए

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *