रानीखेत में लोकनिर्माण विभाग का गढ्ढे भरने के नाम पर बजट ठिकाने लगाने का मामला आया सामने, सायद इसीलिए कैलाश पंत ने कहा था रानीखेत को ठेकेदार नहीं विधायक चाहिए।
रानीखेत में लोकनिर्माण विभाग का गढ्ढे भरने के नाम पर बजट ठिकाने लगाने का मामला आया सामने, सायद इसीलिए कैलाश पंत ने कहा था रानीखेत को ठेकेदार नहीं विधायक चाहिए।
रानीखेत/ मुख्यमंत्री धामी ने राज्य की सड़कों को 15 अक्टूबर तक गड्ढामुक्त करने के निर्देश दिए थे परन्तु समय सीमा बीतने के बाद भी लोक निर्माण विभाग सड़कों की मरम्मत का काम पूरा नहीं कर पाया है।
विभाग की ओर से कई स्थानों पर गड्डों में रोड़ी डालकर अस्थायी मरम्मत की जा रही है। लेकिन निर्माण कार्य में घटिया सामग्री के इस्तेमाल की शिकायतें भी सामने आ रही हैं। रानीखेत-गनियाद्योली मार्ग पर बीएसएनएल टावर के पास गड्ढे भरने के लिए बिछाई गई रोड़ी उखड़कर सड़क पर फैल गई है। जिससे यहां से गुजरने वाले दोपहिया वाहन चालकों के लिए हादसे का खतरा बढ़ गया है।
सामने आ रही जानकारी के मुताबिक सड़क पर फैली रोड़ी के कारण बाइक और स्कूटी सवार लगातार फिसलकर घायल हो रहे हैं। इस जगह पर हल्का मोड़ होने के कारण वाहन चालकों को ब्रेक लगाना पड़ता है जिससे बिखरी रोड़ी पर पहियों के फिसलने का खतरा और बढ़ जाता है। ऐसे में विभाग की मरम्मत व्यवस्था पर सवाल उठ रहे हैं।
लोगों की मांग है कि संबंधित विभाग तत्काल रोड़ी हटाकर सड़क की सफाई करके गड्डों की मरम्मत में उच्च गुणवत्ता वाली निर्माण सामग्री का इस्तेमाल सुनिश्चित करे ताकि राहगीरों को राहत मिलने के साथ संभावित दुर्घटनाओं पर भी अंकुश लगाया जा सके।