चमोली/ मुख्य चिकित्सा अधिकारी चमोली डॉ अभिषेक गुप्ता के निर्देशों के क्रम में शनिवार को एसीएमओ (अपर मुख्य चिकित्सा अधिकारी) डॉ० मो. शाह ओ. हसन ने समग्र ग्रामीण समिति, ग्वालदम (थराली) द्वारा संचालित नशा मुक्ति केंद्र का निरीक्षण किया। निरीक्षण के दौरान पाया गया कि यह केंद्र अब तक राज्य मानसिक स्वास्थ्य प्राधिकरण, देहरादून में पंजीकृत नहीं है। केंद्र के भूतल पर 10 बेड और प्रथम तल पर 5 बेड की व्यवस्था थी, किंतु कोई भी मरीज भर्ती नहीं पाया गया। हालांकि, बेड उपलब्ध थे और कमरों की सामान्य सफाई पाई गई।
शौचालय और बाथरूम की सफाई संतोषजनक नहीं थी तथा वेस्ट मैनेजमेंट की समुचित व्यवस्था नहीं थी। डाइनिंग हॉल में टेबल और कुर्सियों की भी कमी पाई गई। निरीक्षण के दौरान केवल प्रबंधक बलबीर दानू ही उपस्थित थे, अन्य कोई स्टाफ नहीं मिला। स्टाफ की कमी पर डॉ० हसन ने संस्था प्रबंधक को शीघ्र स्टाफ नियुक्त करने के निर्देश दिए।
प्रबंधक द्वारा अवगत कराया गया कि भर्ती मरीजों के लिए योग सत्र आयोजित किए जाते थे और सामान्य दवाएं तथा ब्लड प्रेशर मशीन जैसी बुनियादी स्वास्थ्य सुविधाएं उपलब्ध हैं। हालांकि, फायर सिलेंडर की अनापत्ति प्रमाण पत्र (NOC) भी उपलब्ध नहीं पाई गई। डॉ० मो० शाह ओ. हसन ने संस्था को मानसिक स्वास्थ्य देखभाल अधिनियम, 2017 के अंतर्गत कार्य संचालन हेतु शीघ्र राज्य मानसिक स्वास्थ्य प्राधिकरण में पंजीकरण कराने के निर्देश दिए। निरीक्षण टीम में डॉ. नवीन डिमरी (डीपीसीपी) प्रभारी चिकित्सा अधिकारी नारायणबगड़, डॉ. मितेश (अधीक्षक, सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र थराली), एम एंड ई ऑफिसर श्री राजवीर सिंह कुँवर तथा पुलिस टीम शामिल रही।